Dalal Street Week Ahead: इस हफ्ते कैसा रहेगा बाजार का मूड; कंपनियों के Q3 नतीजे, US GDP आंकड़ों समेत ये अहम फैक्टर करेंगे तय

Dalal Street Week Ahead: इस हफ्ते कैसा रहेगा बाजार का मूड; कंपनियों के Q3 नतीजे, US GDP आंकड़ों समेत ये अहम फैक्टर करेंगे तय

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Dalal Street Week Ahead: बीते सप्ताह भारतीय इक्विटी बाजारों में भारी गिरावट देखी गई। निफ्टी और सेंसेक्स लगभग 1.5 प्रतिशत लुढ़के। तीसरी तिमाही के नतीजों के बाद एचडीएफसी बैंक के शेयरों में आई गिरावट ने मार्केट को प्रमुख रूप से नीचे खींचा। 20 जनवरी को समाप्त सप्ताह में निफ्टी50 और सेंसेक्स 1.5 प्रतिशत गिरकर क्रमश 21572 और 71424 पर बंद हुए। निफ्टी मिडकैप 100 में 1.16 प्रतिशत की बढ़त के साथ मिडकैप चमके। वहीं निफ्टी स्मॉलकैप 100 0.17 प्रतिशत गिरा। निफ्टी बैंक 3.5 प्रतिशत के करीब गिर गया। आने वाले सप्ताह में शेयर बाजार किस दिशा में मूव करेंगे, ये जिन 10 अहम फैक्टर्स से तय होगा, आइए डालते हैं उन पर एक नजर…

तीसरी तिमाही नतीजे

नए सप्ताह में 200 से अधिक कंपनियां वित्त वर्ष 2024 की अक्टूबर-दिसंबर तिमाही के नतीजों की घोषणा करेंगी। इनमें प्रमुख हैं- एक्सिस बैंक, टाटा स्टील, सिप्ला, बजाज ऑटो, कर्नाटक बैंक, ब्लू डार्ट, ओबेरॉय रियल्टी, रेलटेल, वीएसटी इंडस्ट्रीज, टाटा केमिकल, इंडियन बैंक, यूको बैंक, एसबीआई कार्ड्स आदि।

बैंक ऑफ जापान और ECB ब्याज दर

बैंक ऑफ जापान 23 जनवरी को अपनी प्रमुख ब्याज दरों की घोषणा करने वाला है। इसके अलावा यूरोपीय सेंट्रल बैंक भी 25 जनवरी को अपनी ब्याज दरों को लेकर घोषणा करेगा।

अमेरिकी GDP

25 जनवरी को चौथी तिमाही के लिए अमेरिका की जीडीपी के आंकड़े सामने आएंगे। जीडीपी वृद्धि के आंकड़े इस बात की तस्वीर पेश करेंगे कि अमेरिका में मंदी का खतरा करीब है या नहीं और फेडरल रिजर्व आगे क्या करेगा।

वैश्विक आर्थिक डेटा पॉइंट

अगले सप्ताह में ध्यान देने के लिए प्रमुख वैश्विक डेटा पॉइंट्स इस तरह हैं-

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प्री बजट मूड

पिछले साल की तरह इस साल के बजट से भी बाजार को बड़े पैमाने पर सार्वजनिक पूंजीगत व्यय की घोषणा की उम्मीद है। रेलवे और पावर शेयरों में उत्साह दिखाई दे रहा है। ये शेयर बीते सप्ताह भारी कारोबार के बीच नई ऊंचाई पर पहुंच गए।हालांकि विदेशी ब्रोकिंग फर्म जेफरीज को सरकारी पूंजीगत व्यय वृद्धि 10 प्रतिशत से कम रहने का अनुमान है। इससे बाजार निराश हो सकता है।

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विदेशी संस्थागत निवेशक नकदी बाजार में बड़े पैमाने पर विक्रेता बन गए और उन्होंने 17 से 19 जनवरी तक, केवल 3 दिनों में 24147 करोड़ रुपये की इक्विटी बेची। एक्सपर्ट्स का कहना है कि एफपीआई के विक्रेता बनने के दो प्रमुख कारण हैं। पहला अमेरिका में 10 साल की बॉन्ड यील्ड के हालिया स्तर 3.9 प्रतिशत से बढ़कर 4.15 प्रतिशत होना। दूसरा भारतीय शेयरों की हाई वैल्यूएशन। एक अन्य वजह एचडीएफसी बैंक के उम्मीद से कमजोर नतीजे भी हैं।

नए सप्ताह में ईपैक ड्यूरेबल अपना 640 करोड़ रुपये का आईपीओ 23 जनवरी को बंद करेगी। इसी दिन मेडी असिस्ट अपने शेयरों को लिस्ट करेगी। नोवा एग्रीटेक का आईपीओ 23 जनवरी को बोली के लिए खुलेगा और 25 जनवरी को बंद होगा। कंपनी 143 करोड़ रुपये जुटाने की योजना बना रही है। एसएमई सेगमेंट में ब्रिस्क टेक्नोविजन का आईपीओ 23 जनवरी को खुलेगा। 24 जनवरी को डेलाप्लेक्स और फोनबॉक्स रिटेल के इश्यू खुलेंगे। हर्षदीप हॉर्टिको और मेगाथर्म इंडक्शन के आईपीओ 25 जनवरी को खुलने वाले हैं।

टेक्निकल व्यू

विश्लेषकों का मानना है कि निफ्टी के लिए सपोर्ट 21300-21400 जोन पर है। सपोर्ट के टूटने से अधिक बिकवाली का दबाव आ सकता है। मास्टर कैपिटल सर्विसेज के सीनियर वाइस प्रेसिडेंट अरविंदर सिंह नंदा ने कहा कि 21750-21850 जोन, उच्च स्तर पर एक महत्वपूर्ण रेजिस्टेंस हो सकता है। बैंक निफ्टी के लिए एक महत्वपूर्ण सपोर्ट लेवल 45000 पर है। वहीं बाधाएं 46500 से 47000 पर रखी गई हैं।

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कॉरपोरेट एक्शंस

आने वाले सप्ताह के प्रमुख कॉरपोरेट एक्शंस इस तरह हैं…

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Disclaimer: यहां मुहैया जानकारी सिर्फ सूचना हेतु दी जा रही है। यहां बताना जरूरी है कि मार्केट में निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है। निवेशक के तौर पर पैसा लगाने से पहले हमेशा एक्सपर्ट से सलाह लें। मनीकंट्रोल की तरफ से किसी को भी पैसा लगाने की यहां कभी भी सलाह नहीं दी जाती है।

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