बाजार का करेक्शन हेल्दी, एचडीएफसी बैंक में शॉर्ट टर्म रिकवरी की उम्मीद नहीं- अभय अग्रवाल

बाजार का करेक्शन हेल्दी, एचडीएफसी बैंक में शॉर्ट टर्म रिकवरी की उम्मीद नहीं- अभय अग्रवाल

[ad_1]

बाजार के आगे के आउटलुक पर बात करते हुए Piper Serica के फउंडर अभय अग्रवाल का कहना है कि बाजार में पिछले साल जिस तरह की रैली आई थी उसे देखते हुए ज्यादातर बाजार जानकारों ने कयास लगाया था कि बाजार की यह रैली आगे भी जारी रहेगी लेकिन मौजूदा समय में बाजार की उस तेजी पर ब्रेक लगा है । फिलहाल बाजार का वैल्यूएशन स्ट्रैच है। उनका कहना है कि Q3 के रिजल्टस निवेशकों की अपेक्षा के अनुसार नहीं आए हैं। ऐसे में बाजार को डर है कि क्या लॉर्जकैप कंपनियों के अर्निंग स्लोडाउन है।

इस बातचीत में उन्होंने आगे कहा कि भारतीय बाजार की वैल्यूएशन काफी प्रीमियम पर ट्रेंड करती है और उस प्रीमियम को ग्रोथ ऑफ अर्निंग जस्टिफाइड करता है। ऐसे में अगर बाजार में ग्रोथ ऑफ अर्निंग को लेकर किसी तरह की दुविधा बनती है तो बाजार में “वैल्यूएशन ऑफ करेक्शन”आना लाजमी है और बाजार इसी मूड में भी नजर आ रहा है । जिसके चलते भारतीय बाजार में एफआईआई बिकवाली कर रहे है। अभय अग्रवाल का कहना है कि बाजार में रिटेल निवेशकों की भागीदारी भी कम हो रही है। बाजार में लिक्विडिटी की समस्या नहीं है। लंबी अवधि के निवेशको को बाजार में बड़े करेक्शन को लेकर घबराने की जरुरत नहीं है। बाजार लंबी अवधि में बेहतर प्रदर्शन करता नजर आएगा।

एचडीएफसी बैंक के शेयर में शॉर्ट टर्म रिकवरी की उम्मीद नहीं

अभय अग्रवाल का कहना है कि एचडीएफसी बैंक पर हमारी खरीदारी की कोई राय नहीं है और यह स्टॉक ना ही हमारे पोर्टफोलियो में शामिल है। अभय अग्रवाल ने आगे कहा कि मेरा मानना है कि एचडीएफसी बैंक का मर्जर एचडीएफसी बैंक के शेयरहोल्डर के लिए अच्छा नहीं था बल्कि एचडीएफसी लिमिटेड के शेयरहोल्डर के लिए बहुत अच्छा आउटकम था। क्योंकि एचडीएफसी लिमिटेड का बिजनेस काफी लो मार्जिन, लो ग्रोथ और लो एनपीए बिजनेस था। एचडीएफसी लिमिटेड का बिजनेस चल रहा था लीडरशिप भी काफी अच्छी थी, कंपनी ने काफी सब्सिडी भी बना ली थी जिसके चलते वैल्यूएशन भी मिलती है। एचडीएफसी बैंक ने काफी साल तक कहा भी था कि वह इसे मर्ज नहीं करेंगे। लेकिन एचडीएफसी बैंक ने अचानक से मर्जर का ऐलान कर दिया। ऐसे में मर्जर की खबरों का असर अब बैंक के नतीजों पर दिख रहा है और यह आगे भी दिखता रहेगा।

अभय अग्रवाल का मानना है कि जिस तरह से मौजूदा समय में जिस तरह से बैंक का ग्रोथ मॉडल है उससे यह कहना गलत नहीं होगा कि एचडीएफसी बैंक 2-3 सालों में 10 फीसदी की ग्रोथ के लिए भी जिद्दोजहद करता नजर आएगा। बैंक में वैल्यूएशन करेक्शन देखने को मिल रहा है। बैंक के बड़े-बड़े शेयरहोल्डर भी अपने अलोकेशन को कम करके दूसरे बैंक की तरफ छुकाव कर रहे हैं। टेक्निकल और फंडामेटल दोनों ही फैक्टर्स एचडीएफसी बैंक पर दबाव बना रहे है। अभय अग्रवाल का मानना है कि एचडीएफसी बैंक के शेयर में शॉर्ट टर्म रिकवरी की उम्मीद नहीं हैं।

अंतरिम बजट में कोई खास ऐलान की उम्मीद नहीं

अभय अग्रवाल का कहना है कि अंतरिम बजट में कोई खास ऐलान की उम्मीद नहीं है। हालांकि चुनाव बाजार के लिए एक बड़ा ट्रिगर साबित होगी और बाजार को उम्मीद है कि आगे पीएसयू सेक्टर को लेकर सरकार की नीतियां अच्छी तरह से काम करेगी। जिसके चलते रेलवे, डिफेंस जैसे पीएसयू सेक्टर में तेजी देखने को मिल रही है।

Mukul Agrawal के पोर्टफोलियो में 4 नए मेहमान, दो शेयरों ने 267% बढ़ाया निवेश

डिस्क्लेमर: मनीकंट्रोल.कॉम पर दिए गए विचार एक्सपर्ट के अपने निजी विचार होते हैं। वेबसाइट या मैनेजमेंट इसके लिए उत्तरदाई नहीं है। यूजर्स को मनी कंट्रोल की सलाह है कि कोई भी निवेश निर्णय लेने से पहले सर्टिफाइड एक्सपर्ट की सलाह लें।

[ad_2]

Source link

CATEGORIES
Share This

COMMENTS

Disqus ( )